सीबीआई की टीम ने जोधपुर पहुंचकर राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) 2024 में हुई अनियमितताओं की जांच की। आयुर्वेद विश्वविद्यालय के 6 छात्रों से जोधपुर में पूछताछ की जा रही है। नीट के डमी छात्रों से जुड़े मामले में उनसे विभिन्न मुद्दों पर पूछताछ की जा रही है। यह मामला नीट-2024 से जुड़ा है। आयुर्वेद विश्वविद्यालय के कुलपति प्रदीप कुमार प्रजापति ने सीबीआई टीम के आने की पुष्टि की है। इस मामले में पिछले 4 दिनों से पूछताछ चल रही है। बता दें कि नीट परीक्षा में नकल के मामले में जोधपुर के संस्थान रडार पर हैं। सीबीआई की टीम इस मामले में पहले भी गिरफ्तारियां कर चुकी है। इसके बाद से ही संदिग्ध अभ्यर्थियों के मामले में जोधपुर एंगल जुड़ गया है।
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पहले भी तीसरे वर्ष का छात्र हो चुका है गिरफ्तार
जानकारी के अनुसार विश्वविद्यालय के दूसरे और तीसरे वर्ष के 10-12 छात्रों के फोटो और हस्ताक्षर का मिलान किया जा रहा है। दरअसल, इस मामले में जोधपुर एम्स के एमबीबीएस के तीसरे वर्ष के छात्र हुकमाराम गोदारा का नाम सामने आया है।
पटना से शुरू हुई जांच, जोधपुर तक पहुंचे तार
इस मामले की जांच पटना (बिहार) से शुरू हुई थी, जिसके तार जोधपुर से जुड़े थे। जून 2024 में पटना के शास्त्री नगर थाने में सीबीआई की एफआईआर दर्ज की गई थी। जांच के दौरान सीबीआई की टीम को राजस्थान के कई छात्रों और संस्थानों की संदिग्ध भूमिका के संकेत मिले थे। इसके बाद से ही संदिग्ध छात्रों के रिकॉर्ड और दस्तावेजों की जांच की जा रही है।
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